मन को कुविचारों और दुर्भावनाओं से बचाए रखने के लिए स्वाध्याय एवं सत्संग की व्यवस्था रखे रहेंगे
लेखक: Shantikunj
{{ book.description|default:"राष्ट्र निर्माण और समाज सुधार की दिशा
में एक महत्वपूर्ण साहित्य संग्रह। विचारों के माध्यम से समाज में जागृति लाने का प्रयास।" }}
प्रकाशित: {{ book.created_at|date:"M
Y" }}
1 बार देखा गया