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एक दिवसीय युवा चेतना शिविर सम्पूर्ण सामग्री
महत्वपूर्ण घोषणा

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व्यसनमुक्ति का संकल्प पत्र भरें
महत्वपूर्ण घोषणा

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व्यसन मुक्ति अभियान जागरूकता कार्यक्रम

व्यसन मुक्ति अभियान जागरूकता कार्यक्रम
व्यसन मुक्ति अभियान जागरूकता कार्यक्रम
व्यसन मुक्ति अभियान जागरूकता कार्यक्रम
गतिविधि आंकड़े एवं विवरण (Activity Statistics & Details)
कितने प्रतिभागी शामिल हुए?
185
कितने व्यक्तियों ने व्यसन-मुक्ति का संकल्प लिया?
185

नशा छोड़ें, जीवन संवारें : विद्यार्थियों को नशामुक्ति का दिया संदेश अखिल विश्व गायत्री परिवार, युवा प्रकोष्ठ कटिहार के तत्वावधान में व्यसन मुक्ति भारत अभियान के अंतर्गत +2 राजकीयकृत राजेंद्र उच्च विद्यालय, धनपारा, कटिहार में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना तथा उन्हें स्वस्थ, अनुशासित एवं सकारात्मक जीवन अपनाने के लिए प्रेरित करना था। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को बताया गया कि नशे की आदत व्यक्ति के स्वास्थ्य, मानसिक क्षमता, शिक्षा, करियर, पारिवारिक जीवन एवं सामाजिक संबंधों पर गंभीर नकारात्मक प्रभाव डाल सकती है। वक्ताओं ने कहा कि नशे की शुरुआत अक्सर छोटी लगती है, लेकिन समय के साथ यह गंभीर समस्या का रूप ले सकती है। इसलिए युवावस्था से ही नशे से पूरी तरह दूर रहना आवश्यक है। इस अवसर पर विद्यार्थियों को परम पूज्य गुरुदेव पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य जी के विचारों तथा उनके द्वारा चलाए गए सप्तसूत्रीय रचनात्मक कार्यक्रमों के बारे में जानकारी दी गई। विद्यार्थियों को जीवन में साधना, स्वाध्याय, सेवा और संयम को अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में बताया गया कि साधना से आत्मबल एवं सकारात्मक ऊर्जा, स्वाध्याय से ज्ञान एवं अच्छे विचार, सेवा से समाज और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी तथा संयम से बुरी आदतों से बचते हुए अनुशासित जीवन जीने की प्रेरणा मिलती है। युवा प्रकोष्ठ के सदस्यों ने विद्यार्थियों से नशे से दूर रहने और अपने उज्ज्वल भविष्य के निर्माण का संकल्प लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जागरूक एवं संस्कारवान युवा ही स्वस्थ समाज और सशक्त भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। कार्यक्रम का संदेश रहा—“नशा नहीं, संस्कार चुनेंगे; नशा नहीं, अपना उज्ज्वल भविष्य चुनेंगे।”

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